⚠️ महत्वपूर्ण सुरक्षा और डोज़ नोट्स (पहले पढ़ें)
होम्योपैथिक दवाइयाँ आमतौर पर कम जोखिम वाली होती हैं,
लेकिन किसी भी गंभीर या आपातकालीन बीमारी के लिए ये सामान्य चिकित्सा उपचार का विकल्प नहीं हैं।
(स्रोत: NHS.uk)
सामान्य नियम:
30C पोटेंसी अधिकतर तीव्र या घरेलू शिकायतों (जैसे सर्दी, खाँसी, दर्द आदि) में उपयोग होती है।
इसे हर कुछ घंटे में दोहराया जा सकता है जब तक सुधार हो रहा हो।
200C पोटेंसी कम बार और गंभीर अवस्था में दी जाती है,
या फिर कुछ दिन बाद दोहराई जाती है।
पुरानी/संविधानिक बीमारियों के लिए केवल प्रशिक्षित होम्योपैथ की देखरेख में दवा लें।
अध्ययन के लिए प्रमाणिक स्रोत:
Boericke, Kent, MateriaMedica.info, Homeoint.org,
और भारत की “Essential Homoeopathic Drugs List”।
🅰️ से 🅶 तक (A–G)
Aconitum Napellus (एकोनाइट)
मुख्य उपयोग: अचानक तेज बुखार, डर, ठंडी हवा लगने के बाद सर्दी या सदमा।
डोज़ सुझाव: 30C हर 1–4 घंटे में प्रारंभिक लक्षणों पर; सुधार होते ही रोकें।
Aesculus Hippocastanum (एसक्युलस हिप्पोकास्टेनम)
मुख्य उपयोग: बवासीर, गुदा में दर्द, पीठ का दर्द, नसों की सूजन।
डोज़: 30C दिन में दो बार, कुछ दिनों तक।
Agaricus Muscarius (एगारिकस मस्केरियस)
मुख्य उपयोग: ठंड से बढ़ने वाली कंपकंपी, मांसपेशियों में ऐंठन, नसों का फड़कना।
डोज़: 30C दिन में 2 बार।
Allium Cepa (एलियम सेपा)
मुख्य उपयोग: नाक से पानी बहना, छींकें, आंखों में जलन (प्याज जैसी स्थिति)।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार तीव्र सर्दी में।
Ambra Grisea (अम्ब्रा ग्रिसिया)
मुख्य उपयोग: रात को पसीना, यौन कमजोरी, चिंता, सपने अधिक देखना।
डोज़: 30C दिन में एक बार।
Ammonium Carbonicum (अमोनियम कार्बोनिकम)
मुख्य उपयोग: बच्चों में कर्कश खाँसी, साँस लेने में आवाज़, गले की सूजन।
डोज़: 30C हर 4 घंटे पर जब तक लक्षण तीव्र हों।
Anacardium Orientale (एनाकार्डियम ओरिएंटेल)
मुख्य उपयोग: याददाश्त की कमी, मन में द्वंद्व, गुदा में खुजली।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार।
Antimonium Crudum (एंटिमोनियम क्रूडम)
मुख्य उपयोग: मोटी सफेद जीभ, बच्चों में पाचन समस्या।
डोज़: 6C–30C दिन में 1–2 बार।
Antimonium Tartaricum (एंटिमोनियम टार्टारिकम)
मुख्य उपयोग: छाती में घरघराहट, खाँसी में बलगम न निकलना।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे पर तीव्र अवस्था में।
Apis Mellifica (एपिस मेलिफ़िका)
मुख्य उपयोग: सूजन, जलन, डंक जैसी पीड़ा, एलर्जी, पित्ती (Urticaria)।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे पर; यदि गंभीर एलर्जी हो तो तत्काल डॉक्टर से संपर्क करें।
Arnica Montana (आर्निका मोंटाना)
मुख्य उपयोग: चोट लगना, मोच, ऑपरेशन के बाद दर्द या सूजन।
डोज़: 30C तुरंत चोट के बाद; 24 घंटे में 1–3 बार दोहराएँ।
Arsenicum Album (आर्सेनिकम एलबम)
मुख्य उपयोग: जलनयुक्त दस्त, फूड पॉइज़निंग, बेचैनी, डर।
डोज़: 30C हर 2–4 घंटे पर तीव्र अवस्था में;
गंभीर डिहाइड्रेशन होने पर डॉक्टर की सलाह जरूरी है।
Arum Triphyllum (अरम ट्राइफिलम)
मुख्य उपयोग: गले में जलन, निगलने में कठिनाई, गले में गांठ जैसा एहसास।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे पर।
Asafoetida (हींग / फेरुला)
मुख्य उपयोग: पेट दर्द, गैस, नर्वस अपच।
डोज़: 6C–30C दिन में 2–3 बार।
Aurum Metallicum (ऑरम मेटालिकम)
मुख्य उपयोग: गहरी उदासी, आत्महत्या के विचार, हड्डी या दिल की बीमारी।
डोज़: 30C हल्के मामलों में; 200C केवल विशेषज्ञ की देखरेख में।
Baptisia Tinctoria (बैप्टिसिया टिंक्टोरिया)
मुख्य उपयोग: उच्च बुखार, भ्रम, सेप्टिक (संक्रमण जैसा) चेहरा।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे पर तीव्र अवस्था में (चिकित्सकीय निगरानी आवश्यक)।
Belladonna (बेलाडोना)
मुख्य उपयोग: अचानक तेज बुखार, सिरदर्द, लाल चेहरा, धड़कता हुआ दर्द।
डोज़: 30C हर 2–4 घंटे पर शुरुआती चरण में।
Benzoic Acid (बेंज़ोइक एसिड)
मुख्य उपयोग: पेशाब में जलन, तेज बदबू, गठिया के साथ यूरिक एसिड की समस्या।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार।
Boric Acid (बोरिक एसिड)
मुख्य उपयोग: आंखों की लालिमा, जलन (मुख्यतः बाहरी उपयोग में)।
डोज़: बाज़ार में उपलब्ध उत्पादों के निर्देश अनुसार।
Bryonia Alba (ब्रायोनिया अल्बा)
मुख्य उपयोग: सूखी दर्दनाक खाँसी, जोड़ों का दर्द जो हिलने पर बढ़े।
डोज़: 30C हर 6–8 घंटे पर तीव्र अवस्था में।
Buchu (बुखू / अगाथोस्मा)
मुख्य उपयोग: पेशाब की जलन, मूत्र संक्रमण।
डोज़: 30C दिन में 2 बार।
Calcarea Carbonica (कैल्केरिया कार्बोनिका)
मुख्य उपयोग: धीमी वृद्धि, थकान, मोटापा, सिर पर पसीना, हड्डियों की कमजोरी।
डोज़: 30C सप्ताह में एक बार; 200C केवल विशेषज्ञ से।
Calendula Officinalis (कैलेंडुला)
मुख्य उपयोग: घाव, कट, जलना, संक्रमण।
डोज़: बाहरी (क्रीम/टिंक्चर) या आंतरिक 6C–30C, प्रति दिन 2 बार।
Cantharis (कैंथारिस)
मुख्य उपयोग: पेशाब में जलन, मूत्र संक्रमण, जलने पर फफोले।
डोज़: 30C हर 2–4 घंटे पर तीव्र अवस्था में।
Carbo Vegetabilis (कार्बो वेजिटेबिलिस)
मुख्य उपयोग: गैस, कमजोरी, बीमारी के बाद गिरावट, सांस फूलना।
डोज़: 30C हर 6–8 घंटे पर।
Causticum (कॉस्टिकम)
मुख्य उपयोग: आवाज़ बैठना, पक्षाघात (नसों की कमजोरी), सूखी खाँसी।
डोज़: 30C दिन में 1 बार; 200C विशेषज्ञ की देखरेख में।
Chamomilla (कैमोमिला)
मुख्य उपयोग: बच्चों में दाँत निकलते समय दर्द, चिड़चिड़ापन, नींद न आना।
डोज़: 6C–30C हर 2–4 घंटे पर।
China Officinalis (चाइना / सिंकोना)
मुख्य उपयोग: कमजोरी, बुखार या दस्त के बाद थकावट, शरीर में पानी की कमी।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार।
Cocculus Indicus (कोक्कुलस इंडिकस)
मुख्य उपयोग: यात्रा में चक्कर आना, मोशन सिकनेस, थकान।
डोज़: 30C यात्रा से पहले; ज़रूरत अनुसार दोहराएँ।
Colchicum Autumnale (कोल्चिकम)
मुख्य उपयोग: गाउट (गठिया) में रात का दर्द, मितली।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार; चिकित्सक की देखरेख में बेहतर।
Colocynthis (कोलोसायंथिस)
मुख्य उपयोग: पेट में मरोड़ जो झुकने या दबाने से आराम दे।
डोज़: 30C हर 20–30 मिनट में जब तक राहत न मिले।
Conium Maculatum (कोनियम मैकुलेटम)
मुख्य उपयोग: ग्रंथियों की सूजन, प्रोस्टेट की समस्या, उठने पर चक्कर।
डोज़: 30C दिन में एक बार।
Drosera Rotundifolia (ड्रोसेरा)
मुख्य उपयोग: सूखी खाँसी, काली खाँसी (Whooping cough)।
डोज़: 30C हर 2–4 घंटे पर।
Echinacea Angustifolia (एकिनेशिया)
मुख्य उपयोग: सूजी हुई ग्रंथियाँ, प्रतिरोधक शक्ति बढ़ाने में सहायक।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार, कुछ दिनों के लिए;
गंभीर संक्रमण में डॉक्टर की सलाह लें।
Euphrasia Officinalis (यूफ्रेशिया)
मुख्य उपयोग: आंखों से पानी आना, जलन, लालिमा (Conjunctivitis)।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार; बाहरी ड्रॉप्स उपलब्ध हैं (निर्देश अनुसार)।
Ferrum Phosphoricum (फेरम फॉसफोरिकम)
मुख्य उपयोग: बुखार की शुरुआती अवस्था, सूजन, कमजोरी, एनीमिया जैसी थकान।
डोज़: 6X–30C हर 4–6 घंटे में शुरुआती लक्षणों पर।
Fluoric Acid (फ्लोरिक एसिड)
मुख्य उपयोग: वैरिकोज़ वेन्स, नसों की सूजन, बेचैनी।
डोज़: 30C सप्ताह में 1 बार।
Gelsemium Sempervirens (जेल्सेमियम)
मुख्य उपयोग: नींद जैसा भारीपन, डर, परीक्षा का तनाव, बुखार में सुस्ती।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे पर शुरुआती फ्लू में।
Graphites (ग्राफाइट्स)
मुख्य उपयोग: मोटी चिपचिपी त्वचा की सूजन (Eczema), दरारें, कब्ज।
डोज़: 30C हर 2–3 दिन पर या 6C रोज़ाना।
🅷 से 🅽 तक (H–N)
Hepar Sulphuris Calcareum (हेपार सल्फ्यूरिस कार्बोकेम)
मुख्य उपयोग: पस बनने वाले संक्रमण, संवेदनशील और दर्दनाक ग्रंथियाँ, गले में मवाद के साथ दर्द।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार तीव्र अवस्था में।
Hyoscyamus Niger (हायोस्कायमस नाइजर)
मुख्य उपयोग: उन्माद (mania), अनैच्छिक आंदोलनों, अत्यधिक उत्तेजक मानसिक गतिविधि।
डोज़: 30C केवल विशेषज्ञ की देखरेख में।
Ignatia Amara (इग्नाटिया अमारा)
मुख्य उपयोग: शोक, भावनात्मक सदमा, लंबी आहें, घबराहट।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार या एकल खुराक।
Ipecacuanha (इपेकाकुआना)
मुख्य उपयोग: लगातार उल्टी, मिचली, थूक आने के साथ।
डोज़: 30C हर 1–2 घंटे में जब तक लक्षण गंभीर हों।
Iodum (आयोडम / आयोडीन)
मुख्य उपयोग: पतला शरीर, भूख बढ़ना, गले की ग्रंथियों की समस्या।
डोज़: 30C विशेषज्ञ की देखरेख में।
Kali Bichromicum (काली बाइक्रोमियम)
मुख्य उपयोग: साइनस में गाढ़ा, धागे जैसा पीला म्यूकस, पोस्ट-नज़ल ड्रिप।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार।
Kali Carbonicum (काली कार्बोनिकम)
मुख्य उपयोग: गहरी पीठ दर्द, सुबह कठोरता, सांस की समस्या।
डोज़: 30C रोज़ाना।
Kali Iodatum (काली आयोडेटम)
मुख्य उपयोग: ग्रंथियों की वृद्धि, सायटिक/टीबी प्रवृत्ति।
डोज़: केवल विशेषज्ञ की देखरेख में।
Kali Mur (Kali Muriaticum / काली म्यूर)
मुख्य उपयोग: पुराना जुकाम, आवाज़ बैठना, सफेद बलगम।
डोज़: 6C–30C दिन में 1–2 बार।
Kreosotum (क्रियोज़ोटम)
मुख्य उपयोग: मुँह से दुर्गंध, जलन, अल्सर।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार।
Lachesis Mutus (लाचेसिस म्युटस)
मुख्य उपयोग: बाएं तरफ के लक्षण, गर्मी की लहरें, जलन, गला सूखना सोने के बाद।
डोज़: 30C एकल खुराक; ज़रूरत अनुसार विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में दोहराएँ।
Lycopodium Clavatum (लाइकोपोडियम क्लावाटम)
मुख्य उपयोग: गैस, लीवर की समस्या, आत्मविश्वास की कमी, दाएँ तरफ के लक्षण।
डोज़: 30C रोज़ाना; गंभीर/संविधानिक मामले में 200C विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में।
Ledum Palustre (लेडम पालस्ट्रे)
मुख्य उपयोग: कांटे की चोट, पिन-स्टिक जैसी चोट, कीट के काटने पर टेटनस जैसी रोकथाम (परंपरागत)।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार; बाहरी उपचार भी कर सकते हैं।
Lycopodium (लाइकोपोडियम)
(देखें: Lycopodium Clavatum)
Magnesia Phosphorica (मैग्नेशिया फॉस्फोरिका)
मुख्य उपयोग: पेट में मरोड़, दर्द जो गर्मी या दबाव से कम हो; ऐंठन।
डोज़: 6C–30C हर 20–30 मिनट में तीव्र स्थिति में।
Manganum (मैंगानम)
मुख्य उपयोग: तंत्रिका थकान, कांपना, मांसपेशियों का अनैच्छिक हिलना (Chorea जैसे)।
डोज़: केवल विशेषज्ञ की देखरेख में।
Mercurius Solubilis (मेरकरीयस सोलुबिलिस)
मुख्य उपयोग: गले में सूजन, अधिक लार, मुँह के अल्सर, बदबू।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे तीव्र अवस्था में।
Mercurius Corrosivus (मेरकरीयस कोर्रोसिवस)
मुख्य उपयोग: गंभीर पेट/साँस की समस्याओं में अल्सर, जलन और डिस्चार्ज।
डोज़: विशेषज्ञ/आपातकालीन देखरेख।
Natrum Muriaticum (नाट्रुम म्यूरियाटिकम)
मुख्य उपयोग: शरीर से तरल का नुकसान, शोक, धूप से सिरदर्द, नमक की लालसा।
डोज़: 30C सप्ताह में 1 बार संवैधानिक उपचार के लिए; तीव्र अवस्था में एकल खुराक।
Natrum Phosphoricum (नाट्रुम फॉस्फोरिकम)
मुख्य उपयोग: एसिडिटी, बदबूदार डकार, पेट में जलन।
डोज़: 6C–30C दिन में 1–2 बार।
Natrum Sulphuricum (नाट्रुम सल्फ्यूरिकम)
मुख्य उपयोग: सिर पर चोट के बाद, बारिश में अस्थमा, पानी जैसा दस्त।
डोज़: 30C दिन में 2 बार।
Nux Vomica (नक्स वोमिका)
मुख्य उपयोग: ज्यादा खाने-पीने से अपच, हैंगओवर, चिड़चिड़ापन, कब्ज।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे तीव्र अवस्था में।
🅾 से 🆉 तक (O–Z)
Oenanthe Crocata (ओएनांथे क्रोकाटा)
मुख्य उपयोग: चक्कर, शराब की आदत का इतिहास (अत्यंत दुर्लभ; विशेषज्ञ की देखरेख)।
डोज़: केवल विशेषज्ञ की देखरेख में।
Opium (ओपियम)
मुख्य उपयोग: चोट के बाद कोमा या बेहोशी, अत्यंत सावधानी के साथ।
डोज़: विशेषज्ञ/सावधानीपूर्वक उपयोग; स्वयं उपयोग से बचें।
Pulsatilla Nigricans (पुल्साटिला नाइग्रिकन्स)
मुख्य उपयोग: फीके, रोने वाले, बदलते लक्षण; गाढ़ा पीला/बनाना जैसा डिस्चार्ज; खुली हवा में बेहतर।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार तीव्र अवस्था में।
Phosphorus (फॉस्फोरस)
मुख्य उपयोग: सांस की कमजोरी, खून का बहना, चिंता, उज्जवल, ठंडा पानी पीने की तलब।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे तीव्र अवस्था में; संवेदनशील/विशेषज्ञ मामलों में 200C।
Phytolacca (फाइटोलाका)
मुख्य उपयोग: स्तनपान में निप्पल दर्द, स्तन की सूजन (मैस्टाइटिस), गले का दर्द।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार।
Phosphoric Acid (Acidum Phosphoricum / फॉस्फोरिक एसिड)
मुख्य उपयोग: शोक के बाद मानसिक थकान, उदासीनता।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार।
Platina (प्लाटिना)
मुख्य उपयोग: सेक्सुअल अत्यधिक उत्तेजना, महिलाओं में ठंडापन, श्रेष्ठता की भावना।
डोज़: विशेषज्ञ की देखरेख में।
Podophyllum (पोडोफिलम)
मुख्य उपयोग: गंभीर पानी जैसे दस्त, कॉलरेआ जैसे लक्षण (सावधानी से)।
डोज़: 30C तीव्र अवस्था में; निर्जलीकरण के लिए चिकित्सकीय देखरेख।
Pyrogenium (पाय्रोजेनियम)
मुख्य उपयोग: संक्रमण संबंधी गंभीर स्थिति, दुर्गंधयुक्त डिस्चार्ज, अत्यधिक थकान।
डोज़: विशेषज्ञ/चिकित्सक की देखरेख।
Ruta Graveolens (रूटा ग्रेवोलेंस)
मुख्य उपयोग: टेंडन/लिगामेंट की चोट, आंखों में तनाव, अत्यधिक उपयोग से चोट।
डोज़: 30C दिन में 2–3 बार।
Rhus Toxicodendron (रहस टॉक्सिकोडेंड्रॉन)
मुख्य उपयोग: जॉइंट्स में अकड़न, पहली मूवमेंट में खराब, लगातार मूवमेंट में बेहतर; त्वचा पर चकत्ते।
डोज़: 30C हर 4–6 घंटे तीव्र अवस्था में।
Rhubarb (Rheum / रूबार्ब)
मुख्य उपयोग: भूख के साथ दस्त, पेट की कमजोरी (कम आम)।
डोज़: विशेषज्ञ की देखरेख में।
Sepia Officinalis (सेपिया ऑफ़िसिनालिस)
मुख्य उपयोग: महिलाओं में हार्मोनल असंतुलन, नीचे दबाव जैसा महसूस होना, उदासीनता/असहमति।
डोज़: 30C सप्ताह में 1 बार संवैधानिक; 200C विशेषज्ञ।
Silicea (Silica / सिलिसेया)
मुख्य उपयोग: कमजोर इम्यूनिटी, धीमी सूजन, धीरे-धीरे ठीक होने वाले, नाखून कमजोर।
डोज़: 30C सप्ताह में 1 बार; संवेदनशील लोगों के लिए 6C।
Spongia Tosta (स्पोंजिया टोस्टा)
मुख्य उपयोग: क्रूपी सूखी खांसी, भौंकती खांसी, गर्म पानी पीने से बेहतर।
डोज़: 6C–30C तीव्र क्रूपी खांसी में दोहराएँ।
Sulphur (सल्फर / सल्फ़र)
मुख्य उपयोग: त्वचा में खुजली, गर्मी और स्नान से बढ़ना, पुरानी त्वचा की समस्या, गर्मी महसूस।
डोज़: 30C संवैधानिक उपचार; संवेदनशील लोगों के लिए 6C।
Symphytum Officinale (सिंफाइटम ऑफ़िसिनालिस)
मुख्य उपयोग: हड्डियों का उपचार, फ्रैक्चर, आंखों की चोट (सहायक उपयोग)।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार तीव्र देखभाल के बाद।
Thuja Occidentalis (थुजा ऑक्सीडेंटलिस)
मुख्य उपयोग: मस्से, तिल, टीका लगाने के बाद शिकायतें (परंपरागत), त्वचा पर चकत्ते।
डोज़: 30C दिन में 2 बार; मस्सों पर बाहरी उत्पाद।
Tuberculinum (ट्यूबरकुलिनम)
मुख्य उपयोग: मियास्मेटिक (संविधानिक) उपचार, तपेदिक प्रवृत्ति।
डोज़: विशेषज्ञ की देखरेख में।
Urtica Urens (अर्टिका उरेन्स)
मुख्य उपयोग: खुजली वाले चकत्ते, नेट्ल जैसी एलर्जी, चिड़चिड़ा दाने।
डोज़: 6C–30C जरूरत अनुसार।
Valeriana Officinalis (वैलेरियाना ऑफ़िसिनालिस / वेलेरियन)
मुख्य उपयोग: तंत्रिकाएं, अत्यधिक उत्तेजना के कारण अनिद्रा।
डोज़: 30C सोने से पहले।
Veratrum Album (वेराट्रम एल्युम)
मुख्य उपयोग: तीव्र उल्टी, ठंडी पसीने के साथ झटका, गंभीर निर्जलीकरण (चिकित्सकीय आपातकाल)।
डोज़: आपातकालीन देखभाल; विशेषज्ञ।
Zincum Metallicum (जिंकुम मेटालिकम)
मुख्य उपयोग: बेचैन पैर, तंत्रिका चिड़चिड़ापन, झटके।
डोज़: 30C दिन में 1–2 बार।
Zea Mays (ज़ीया मेयस)
मुख्य उपयोग: मासिक धर्म में अनुपस्थिति या दूध की समस्या (दुर्लभ; विशेषज्ञ)।
डोज़: विशेषज्ञ की देखरेख में।
💡 प्रैक्टिकल टिप्स:
तीव्र एकल लक्षण वाले मामलों (फर्स्ट एड, साधारण ठंड, मोच, साधारण दस्त) में सबसे प्रमुख लक्षण के अनुसार 30C दवा का चयन करें; सुधार होते ही रोक दें।
लंबे समय तक या उच्च पोटेंसी (200C, 1M, LM) उपयोग के लिए योग्य होम्योपैथ से सलाह लें।
प्रत्येक केस में क्या, कब, कितनी खुराक और प्रतिक्रिया नोट करें — इससे अभ्यास और कौशल विकसित होता है।
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